रामगोपाल का धमाका उत्तर प्रदेश की सियासत में एक बार फिर भूचाल आ गया है। रामगोपाल का धमाका समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और राज्यसभा सांसद प्रो. रामगोपाल यादव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर ऐसा बम फोड़ा कि बीजेपी की नींद उड़ गई।
#रामगोपाल का धमाका SIR में वोट चोरी का नया तरीका? रामगोपाल ने खोला पिटारा
रामगोपाल यादव ने दावा किया है कि यूपी में हो रहे उपचुनावों में एक नया हथियार इस्तेमाल हो रहा है – SIR। SIR यानी Syrup Induced Rigging (नशीले कफ सिरप से रिगिंग)!

उनके मुताबिक, कुछ इलाकों में वोटरों को मुफ्त में नशीला कफ सिरप बांटा जा रहा है। वोटिंग के एक-दो दिन पहले लोग इतना सिरप पी लेते हैं कि वोटिंग के दिन बिस्तर से उठ ही नहीं पाते। नतीजा? विरोधी वोटर घर पर सोया रहता है, बीजेपी का वोटर 100% पोलिंग बूथ पहुंच जाता है।
नशीला कफ सिरप = वोटर को बेहोश करने की साजिश?
रामगोपाल ने बताया कि कोडीन वाले कफ सिरप की बोतलें ग्रामीण इलाकों में मुफ्त में बांटी जा रही हैं। “एक बोतल 300-400 रुपए की आती है, लेकिन वोट के लिए मुफ्त में दी जा रही है। गरीब लोग लालच में पी जाते हैं, फिर 2-3 दिन तक होश नहीं रहता।” उन्होंने सवाल उठाया – “इतना महंगा सिरप कौन बांट रहा है? पैसा कहां से आ रहा है?”
रामगोपाल यादव ने क्यों कहा – “सरकार जवाब दे वरना…”
प्रो. यादव ने योगी सरकार से 24 घंटे के अंदर जवाब मांगा है:
- पिछले 6 महीने में यूपी में कोडीन सिरप की कितनी बिक्री हुई?
- अचानक बिक्री में 300% का इजाफा कैसे हुआ?
- क्या चुनाव आयोग इस पर संज्ञान लेगा?
उन्होंने चेतावनी दी – “अगर सरकार चुप रही तो हम कोर्ट जाएंगे और पूरे यूपी में आंदोलन करेंगे।”
कौन है SIR का मास्टरमाइंड? BJP पर लगे ये 5 गंभीर आरोप
- नशीला सिरप बांटने वालों को बीजेपी नेता कवर दे रहे हैं
- कई मेडिकल स्टोर पर छापे क्यों नहीं पड़ रहे?
- कुछ जिलों में 80% तक वोटिंग गैप – क्या ये SIR का असर है?
- सिरप की बोतलों पर बीजेपी के कार्यकर्ताओं के नंबर लिखे मिले
- EVM के साथ-साथ अब ‘सीरपVM’ का खेल चल रहा है
कफ सिरप माफिया और EVM हैकिंग का कनेक्शन?
सबसे चौंकाने वाला दावा – रामगोपाल ने कहा कि यह सिर्फ सिरप तक सीमित नहीं है। “जिन बूथों पर विरोधी वोटर बेहोश हैं, वहां EVM में भी गड़बड़ी आसान हो जाती है। एक तीर से दो निशाने।”
अखिलेश की चुप्पी टूटी या रामगोपाल अकेले लड़ रहे जंग?
अखिलेश यादव अभी तक इस मुद्दे पर चुप हैं। क्या रामगोपाल अकेले बीजेपी से भिड़ रहे हैं या जल्द ही अखिलेश भी मैदान में कूदेंगे?
अब तक का सबसे बड़ा सियासी स्कैंडल?
अगर रामगोपाल यादव के दावों में एक फीसदी भी सच्चाई है तो यह भारतीय लोकतंत्र के इतिहास का सबसे अनोखा और शर्मनाक रिगिंग स्कैंडल होगा – जहां वोटर को नशा देकर उसका वोट छीन लिया जा रहा है।











